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फिगर 36-30-36 के साथ 10 दिन

यह 1 साल पुरानी बात है जब मैं  भोपाल गया था 10 दिन के लिए वहां  मुझे मेरे भैया और भाभी के साथ रहना था भाभी  फिगर 36-30-36,5.2″ का था ….भाभी एकदम गोरी चिट्टी  थी और उन्होंने   ब्लाउस ऐसा टाइट पहन रखा था की  उनके भूरे निप्पल साफ पता चल रहे थे  . उनको देखते ही मेरा सोया हुआ लंड  टाईट हो गया.वहाँ  सब फॅमिली मेम्बेर्स  को एक-एक रूम दिया गया था….मेरा रूम भाभी के रूम के साथ ही था.अगले दिन पार्टी  था तो हम लोग को बस से जाना था… तो भैया सुबह ही अपनी कार से चले गये थ भय्या मुझसे सबको जल्दी से लेकर आने को कहा था तो मैं सबको जल्दी जल्दी तय्यार करवाने लगा ….भाभी का रूम एकदम लास्ट मे था तो मैं सबको बोल के भाभी के रूम मे गया.. वाहा भाभी नही थी तो मैं उनके रूम मे ही वेट करने लगा थोड़ी देर मे बातरूम का दरवाज़ा खुला तो मैं परदे के पीछे छुप गया ….मैंने देखा की भाभी पूरी नंगी थी और तौलिये से अपने बदन को पोछ रही थी ….मैंने तुरंत उनका विडियो बना लिया और छुप चाप कमरे से बहार निकल गया … थोड़ी देर मे भाभी बहार आई  फिर मैने मैंने उनको बताया की  बस जा चुकी है…अब हमें  रूम पे ही वेट करना पडेगा और मुझे  भूख  भी लग रही थी तो हम लोग पास वाले ढाबे पर खाना  खा के वापस रूम पे जा रहे थे ..अचानक  बारिश स्टार्ट हो गयी और हम लोग गिले  हो गये थे मेरे पास कपड़े नही थे तो मैं ऐसे ही उनके रूम मे बैठ गया.तब भाभी कहती की- “तुम कपड़े क्यो नही बदलते”.?मैने कहा-“भाभी कपड़े नही है मेरा रूम लॉक है”भाभी –“कोई नही तुम ऐसा करो अपनी जीन्स शर्ट उतार लो वरना फीवर हो जाएगा”मैं अपने कपड़े उतार के पलंग पे सो गया….जब आधे घंटे बाद  मेरी नींद खुली तो मैंने देखा की  मेरे साथ मे चिपक कर भाभी सो रही थी…..उन्हें ब्लाउस और  पेटीकोट मे  देखते ही मेरा लंड 6’इंच से 9’इंच का हो गया.फिर मैं धीरे धीरे उनके ब्लाउस पे हाथ डालने लगा,फिर मैने उनके ब्लाउस के हुक खोले,फिर ब्रा मे से बूब्स निकले और चूसने लगा…करीब आधे घंटे  तकमैं उनकी चूचियां चूसता रहा ,फिर मैने पेटीकोट को उपर किया तो देखा  उनकी पैंटी पूरी गिली  हो गयी थी.उनकी पैंटी उतार के मैं उनकी चूत को चाटने ल्गा तभी उनके मूह  से  ज़ोर की चीख निकली आअहह उुउऊहह आआआआअहह..मैं रुक गया तो  भाभी भोली और करो ना मज़ा आ रहा  था…मैं बोला भाभी मूझे माफ़ कर दो मुझे यह नही करना चाहिए था.भाभी बोली अरे  राहुल जब मैं तुम्हारा सोते हुए मे लंड चूस सकती हू तो  तुम्हे तो पूरा हक है.मैने कहा मैं कुछ समझा नही.भाभी बोलीं  जब तुम सो गये थे तब तुम्हारा लंड खड़ा हो गया  था यह मुझसे देखा नही गया और तुरंत ही तुम्हारा लंड चूसना चालू कर दिया..यह सुनते ही मुज मे जोश आ गया और भाभी के साथ पहले मैं ओरल सेक्स करने लगा.वो जैसे जैसे हॉर्नी होती रही मैं धीरे धीरे आगे  बढ़ता रहा. भाभी भी जोश के मारे सिसकारियाँ भरने लगी. मैने उनकी चूत को अपने होठों से दबाना शुरू कर दिया तो उन्होने ज़ोर की सिसकारी ली. मैने पूछा, क्या हुआ…..वो बोली, बहुत मज़ा आ रहा है, और ज़ोर ज़ोर से दबा.मैने उनकी चूत  को और ज़्यादा ज़ोर से दबाना शुरू कर दिया तो उन्होने मेरा लंड अपने मूह में और ज़्यादा अंदर ले लिया और तेज़ी के साथ चूसने लगी. मैने एक उंगली उनकी चूत  में डाल दी और अंदर बाहर करने लगा.थोड़ी ही देर में भाभी की चूत  से जूस निकल आया.और वो झड गयी ….वो बोली, चाट ले इसे.मैने उनकी चूत  का सारा माल  चाट लिया. थोड़ी ही देर में मेरे लंड का जूस भी निकालने लगा तो भाभी सारा का सारा जूस निगल गयी. उसके बाद मैं हट गया और उनके बगल में लेट गया.भाभी मेरा लंड सहलाने लगी और देखते ही देखते भाभी मेरे उपर आ गयी. उन्होने मेरे लंड के सुपाडे को अपनी चूत  के बीच रखा और दबाने लगी. उनके चेहरे पर दर्द की झलक सॉफ दिख रही थी फिर भी वो रुकी नहीं.मेरा लंड धीरे धीरे उनकी छूट में घुसता ही जा रहा था. उनकी छूट बहुत ही टाइट थी. उन्होने दबाना जारी रखा तो थोड़ी ही देर में उनकी आँखों में आँसू भी आ गये. मैने पुछ , क्या हुआ. वो बोली, दर्द बहुत हो रहा है. मैने कहा, फिर रुक जाओ ना, क्यों इतना दर्द बर्दस्त कर रही हो. वो बोली, मैं पागल हो गयी हूँ.अब तक मेरा लंड भाभी की चूत  में 6″ तक घुस चुका था. दर्द के मारे भाभी का बुरा हाल हो रहा था. तभी वो अपने बदन का सारा ज़ोर देते हुए अचानक मेरे लंड पर बैठ गयी. मेरा पूरा का पूरा लंड उनकी छूट में समा गया.उनके मूह से ज़ोर की चीख निकली आआआआआआआआअहह. उनका सारा बदन तर तर काँपने लगा. उनके चेहरे पर पसीना आ गया.उनकी साँसें बहुत तेज चल रही थी. वो मेरे उपर लेट गयी और मेरे होठों को चूमने लगी. मैं उनकी कमर और चूतड़ को सहलाने लगा.तभी मुझे बदमाशी सूझी. मैने उनकी गांड  के छेद पर अपनी उंगली फिरानी शुरू कर दी तो उन्हें मज़ा आने लगा. अचानक मैने अपनी उंगली उनकी गांड  में डाल दी तो उन्होने ज़ोर की सिसकारी ली और बोली, बदमाश कहीं का.भाभी धीरे धीरे मेरे लंड पर उठक बैठक कर रही थी …भाभी को धक्के लगते हुए लगभग 10 मीं हो चुके थे और वो इस दौरान 1 बार झड़ भी चुकी थी. तभी मेरे लंड का जूस निकल पड़ा और साथ ही साथ वो भी फिर से झड़ गयी.भाभी ने मेरे लंड को अपनी चूत  के अंदर ही रखा और मेरे उपर लेट गयी.वो मेरे होठों को चूमती रही और मैं उनकी चुचियों को मसलता रहा. 10 मीं के बाद मेरा लंड उनकी छूट में ही फिर से खड़ा होने लगा तो वो बोली, अब तुम मुझे चोदो . मैने कहा, जैसी आप की मर्ज़ी. वो मुस्कुराते हुए मेरे उपर से हट गयी और लेट गयी. मैं उनके उपर आ गया.मैने उनकी चुदाई शुरू कर दी. मैं पुर जोश में था और ज़ोर ज़ोर के धक्के लगते हुए उनको चोद  रहा था. वो बोली, वह्ह्ह मेरे देवर बहुत ही अच्छी तरह से चोद  रहे हो, चोदते  रहो, रुकना मत, चोदो  और ज़ोर के धक्के लगाओ. मैने और ज़्यादा तेज़ी के साथ धक्के लगाने शुरू कर दिए.लगभग 15 मीं की चुदाई के बाद मैं झड़ गया. भाभी भी इस चुदाई के दौरान 2 बार झड़ चुकी थी.वो पूरी तरह से मस्त हो गयी थी और मैं भी. शाम तक मैं उन्हें 6 बार चोद  चुका था. शाम को मैने पुछा, तुम्हारी चूत  मेरे लंड की साइज़ की हो गयी या नहीं. वो बोली, जब तुमने मेरी 6  बार चुदाई कर दी फिर उसके बाद मैं चिल्लाई क्या.मैने कहा, बिल्कुल नहीं. वो बोली, फिर समझ लो की मेरी चूत  तुम्हारे लंड की साइज़ की हो गयी.फिर अगले 8  दिन तक भाभी को चोदा  कभी उनके रूम मे कभी टेरेस पे बडा  मज़ा आया हम दोनो को.कैसी लगी आपको ये कहानी ….

আরও হটঃ  मैंने अक्सर उसको चोदा...

 

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